1 नवंबर , 1858 को जो इलाहाबाद में महारानी की घोषणा सुनाने के लिए लगाया गया था, उसमें एक घोषणा यह भी थी कि देशी राज्‍यों को अंग्रेजी राज्‍य में नहीं मिलाया जायगा ।